Valuable QuestionCategory: सामान्य ज्ञानक्या एकांत कारावास मृत्युदंड से भी अधिक भयावह है?
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Is solitary confinement more frightening than the death penalty?

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Site Default answered 12 months ago

* एकान्त कारावास, सजा का एक रूप है जिसमें किसी कैदी को किसी भी मानव संपर्क से पृथक किया जाता है(अक्सर जेल कर्मचारियों के अपवाद के साथ), वो भी दिन में 22-23 घंटों के लिए । यह आमतौर पर कैदी को दंडित करने के लिए दिया जाता है जो जेल नियमों का उल्लंघन करते है । हालांकि, यह दिमागी रूप से कमजोर व खुद को नुकसान पहुंचाने वाले कैदियो के लिए सुरक्षा के अतिरिक्त उपाय के रूप में भी प्रयोग किया जाता है।
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* एकांत कारावास में अलगाव से गंभीर मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य समस्याएं पैदा हो सकती हैं। यह किशोरों में विकास प्रक्रिया को बाधित करती है। एकान्त बंधन का पुनर्वास और विकास के अवसर पर गहरा असर हो सकता है, साथ ही साथ गंभीर और हानिकारक मनोवैज्ञानिक व शारीरिक प्रभाव प्रकट होते है जैसे उच्च रक्तचाप, सिरदर्द और माईगेन।
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* निश्चित रूप से यह मृत्युदंड से अधिक भयावह है।
* यह परंपरा न केवल अतिरिक्त सजा के समान है बल्कि अत्याचार के बराबर है और बुनियादी मानवाधिकारों का उल्लंघन है। इससे दोषी को बेहद दर्द, कष्ट और बेचैनी होती है और यह भारत के संविधान के अनुच्छेद 20 :2: और 21 का उल्लंघन है।
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* उत्तराखंड हाईकोर्ट ने अप्रैल 2018 में इसे असंवैधानिक घोषित कर दिया है।
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* ब्रिटेन में, एकांत कारावास के दौरान, 1990 में दंड की हिरासत में 29 बच्चे की मौत हो गई थी कुछ 41% बच्चों को आधिकारिक तौर पर कमजोर माना गया जो भयावह है। अनुमान लगाया गया है कि 80,000 से 100,000 लोग वर्तमान में एकांत कारावास में हैं।